| 7481 |
"हिमबिन्दवः मौक्तिकानि इव शोभन्ते" इति वाक्ये कः अलङ्कारः? |
Sanskrit Literary passages |
Medium |
| 7482 |
लेखकः प्रभातं प्रकृतेः मङ्गलगीतेन किमर्थं तुलयति? |
Sanskrit Literary passages |
Hard |
| 7483 |
गद्यांशे 'अक्षयः' इति पदस्य कः अर्थः? |
Sanskrit Vocabulary in context |
Easy |
| 7484 |
गद्यांशे प्रयुक्तस्य 'निधिः' इति पदस्य समानार्थकं पदं किम्? |
Sanskrit Vocabulary in context |
Easy |
| 7485 |
"पुस्तकालये सर्वे मौनं धारयन्ति" — अत्र 'मौनं धारयन्ति' इत्यस्य अर्थः कः? |
Sanskrit Vocabulary in context |
Medium |
| 7486 |
"शब्दभण्डारः अपि वर्धते" — अत्र 'शब्दभण्डारः' इत्यनेन किम् अभिप्रेतम्? |
Sanskrit Vocabulary in context |
Medium |
| 7487 |
"नियमितपठनेन छात्राणां बुद्धिः तीक्ष्णा भवति" — अस्मिन् सन्दर्भे 'तीक्ष्णा' इत्यस्य उचितः अर्थः कः? |
Sanskrit Vocabulary in context |
Hard |
| 7488 |
अस्य गद्यांशस्य लेखकस्य मुख्यं प्रयोजनं किम्? |
Sanskrit Inference and the writer’s purpose |
Easy |
| 7489 |
गद्यांशे प्लास्टिकस्य कः दोषः न उक्तः? |
Sanskrit Inference and the writer’s purpose |
Easy |
| 7490 |
"प्लास्टिकं विना जीवनं न सम्भवति" इति मतस्य खण्डनं लेखकः कथं करोति? |
Sanskrit Inference and the writer’s purpose |
Medium |
| 7491 |
"लघुः अपि प्रयासः यदा कोटिशः जनैः क्रियते, तदा सः महत् परिवर्तनं जनयति" — अस्मात् वाक्यात् किम् अनुमीयते? |
Sanskrit Inference and the writer’s purpose |
Medium |
| 7492 |
गद्यांशे लेखकस्य स्वरः कीदृशः अस्ति? |
Sanskrit Inference and the writer’s purpose |
Hard |
| 7493 |
गद्यांशस्य मुख्यविचारं प्रकटयत् वाक्यं किम्? |
Sanskrit Reading strategies |
Easy |
| 7494 |
गद्यांशे विशिष्टां सूचनाम् अन्विष्य वदत — किशोराणां कृते प्रतिरात्रं न्यूनातिन्यूनं कति होराः निद्रा आवश्यकी? |
Sanskrit Reading strategies |
Easy |
| 7495 |
अस्य गद्यांशस्य कृते सर्वाधिकम् उपयुक्तं शीर्षकं किम्? |
Sanskrit Reading strategies |
Medium |
| 7496 |
"एवं कृते शरीरं मनः च स्वस्थे तिष्ठतः" — अत्र 'एवम्' किं निर्दिशति? |
Sanskrit Reading strategies |
Medium |
| 7497 |
सम्पूर्णां रात्रिं जागरित्वा पठन्तः छात्राः पठितम् अपि किमर्थं विस्मरन्ति इति गद्यांशात् अनुमीयते? |
Sanskrit Reading strategies |
Hard |
| 7498 |
वाक्यानि उचितक्रमेण योजयित्वा अनुच्छेदं रचयत: (P) ततः सा स्नानं कृत्वा अल्पाहारं करोति। (Q) सीता प्रातः पञ्चव… |
Sanskrit Rearranging the parts |
Easy |
| 7499 |
वाक्यानि उचितक्रमेण योजयत: (P) कालान्तरे सः पादपः विशालः वृक्षः भूत्वा फलानि ददाति। (Q) कृषकः भूमौ बीजं वपति।… |
Sanskrit Rearranging the parts |
Easy |
| 7500 |
कथायाः वाक्यानि उचितक्रमेण योजयत: (P) सः तं गृहं नीत्वा दुग्धम् अयच्छत्। (Q) एकदा वर्षाकाले रविः मार्गे कम्पम… |
Sanskrit Rearranging the parts |
Medium |